वेनेजुएला में बुधवार शाम आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंपों के बाद हालात बेहद गंभीर बने हुए हैं। ताजा सरकारी आंकड़ों के मुताबिक अब तक 235 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि हजारों लोग अब भी लापता बताए जा रहे हैं। राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है और अधिकारियों को आशंका है कि मृतकों की संख्या अभी और बढ़ सकती है।
भूकंप के दोनों झटके कुछ ही सेकंड के अंतराल में आए, जिससे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने का मौका नहीं मिला। राजधानी कराकास और आसपास के इलाकों में कई इमारतें ढह गईं, जबकि पहले झटके से कमजोर हुई कई इमारतें दूसरे झटके में पूरी तरह धराशायी हो गईं।
सबसे अधिक तबाही तटीय क्षेत्र ला गुआइरा में दर्ज की गई है। यहां बड़ी संख्या में मकान, अस्पताल और सरकारी इमारतें क्षतिग्रस्त हुई हैं। सड़कें टूटने और मलबा फैलने से राहत दलों को प्रभावित इलाकों तक पहुंचने में कठिनाई हो रही है। कई क्षेत्रों में बिजली और संचार सेवाएं भी बाधित हैं।
सरकार ने प्रभावित इलाकों में आपातकाल लागू कर दिया है। सेना, पुलिस, सिविल प्रोटेक्शन और राहत एजेंसियां मलबे में फंसे लोगों को निकालने में जुटी हैं। स्कूलों और सार्वजनिक भवनों को अस्थायी राहत शिविरों में बदला गया है, जबकि हजारों लोग आफ्टरशॉक के डर से खुले स्थानों पर रहने को मजबूर हैं।
भूकंप के कारण कई प्रमुख सड़कें क्षतिग्रस्त हो गई हैं और राजधानी कराकास का सार्वजनिक परिवहन भी प्रभावित हुआ है। मुख्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को भी नुकसान पहुंचने के कारण अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है, जिससे राहत सामग्री पहुंचाने में अतिरिक्त चुनौतियां सामने आ रही हैं।
अधिकारियों के अनुसार अब तक लगभग 235 मौतों और 4,300 से अधिक घायलों की पुष्टि हुई है। हजारों लोग अब भी लापता हैं और मलबे में फंसे लोगों की तलाश जारी है। राहत एजेंसियों का कहना है कि जैसे-जैसे बचाव कार्य आगे बढ़ेगा, हताहतों का आंकड़ा और बढ़ सकता है।
